RBSE Class 6 Social Science Important Questions Geography Chapter 2 ग्लोब: अक्षांश एवं देशांतर

Rajasthan Board RBSE Class 6 Social Science Important Questions Geography Chapter 2 ग्लोब: अक्षांश एवं देशांतर Important Questions and Answers.

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RBSE Class 6 Social Science Important Questions Geography Chapter 2 ग्लोब: अक्षांश एवं देशांतर


बहुचयनात्मक प्रश्न

प्रश्न 1. 
अक्षांशों को किसमें मापा जाता है?
(अ) फीट में 
(ब) मीटर में
(स) अंश में 
(द) से.मी. में 
उत्तर:
(स) अंश में 

RBSE Class 6 Social Science Important Questions Geography Chapter 2 ग्लोब: अक्षांश एवं देशांतर

प्रश्न 2. 
विषुवत् वृत्त कितने अंश अक्षांश को दर्शाता है? 
(अ) 0°
(ब) 90° 
(स) 180° 
(द) 360° 
उत्तर:
(अ) 0°

प्रश्न 3. 
जब ग्रीनिच पर दोपहर के 12 बजे होंगे तो उस समय 180° याम्योत्तर पर क्या होगा?
(अ) सुबह 
(ब) शाम
(स) दोपहर 
(द) मध्य रात्रि 
उत्तर:
(द) मध्य रात्रि

प्रश्न 4. 
रूस में कितने मानक समयों को अपनाया गया है? 
(अ) एक
(ब) चार 
(स) ग्यारह 
(द) चौबीस 
उत्तर:
(स) ग्यारह 

प्रश्न 5. 
पृथ्वी कितने मिनट में 1 घूमती है?
(अ) 2 मिनट में 
(ब) 4 मिनट में
(स) 6 मिनट में 
(द) 15 मिनट में 
उत्तर:
(अ) 2 मिनट में 

रिक्त स्थानों की पूर्ति कीजिए

1. विषुवत् वृत के उत्तर की सभी समानांतर रेखाओं को ................................ कहा जाता है। 
उत्तर:
उत्तरी अक्षांश

2. दक्षिण ध्रुव ................................ दक्षिणी अक्षांश को दर्शाता है। 
उत्तर:
90°

3. देशान्तरों के बीच की दूरी ................................ पर शून्य हो जाती है।
उत्तर:
ध्रुवों

4. ................................ में ब्रिटिश राजकीय वेधशाला स्थित है।
उत्तर:
ग्रीनिच

5. ................................ को मापने का सबसे अच्छा साधन पृथ्वी, चन्द्रमा एवं ग्रहों की गति है। 
उत्तर:
समय

सत्य/असत्य बताइये

1. पृथ्वी अपने अक्ष पर चारों ओर घूमती है, जो एक वास्तविक रेखा है। 
उत्तर:
असत्य

2. जैसे - जैसे हम विषुवत् वृत्त से दूर जाते हैं, अक्षांशों का आकार पटता जाता है। 
उत्तर:
सत्य

3. ध्रुव की तरफ सूर्य की किरणें सीधी होती जाती हैं। 
उत्तर:
असत्य

4. 180° पूर्व और 180° पश्चिम याम्योत्तर एक ही रेखा पर स्थित हैं। 
उत्तर:
सत्य

5. देशांतरीय याम्योत्तर पर सभी स्थानों का समय समान होता है। 
उत्तर:
सत्य

सही मिलान कीजिये

1. विषुवत् वृत्त

(अ) 360°

2. प्रमुख याम्योत्तर

(ब) 0° अक्षांश

3. पृथ्वी द्वारा लगभग 24 पट में अक्ष पर घूर्णन

(स) 0° देशान्तर

4. भारत की मानक याम्योत्तर

(द) 23 1/2° द.

5. मकर रेखा

(य) 82 1/2° पू.


उत्तर:

1. विषुवत् वृत्त

(ब) 0° अक्षांश

2. प्रमुख याम्योत्तर

(स) 0° देशान्तर

3. पृथ्वी द्वारा लगभग 24 पट में अक्ष पर घूर्णन

(अ) 360°

4. भारत की मानक याम्योत्तर

(य) 82 1/2° पू.

5. मकर रेखा

(द) 23 1/2° द.


अतिलघूत्तरात्मक प्रश्न

प्रश्न 1. 
विषुवत् वृत्त किसे कहते हैं?
उत्तर:
वह काल्पनिक वृत्त जो पृथ्वी को उत्तर तथा दक्षिण दो बराबर भागों में बाँटता है, विषुवत् वृत्त कहलाता है। 

प्रश्न 2. 
अंश को किसमें विभाजित किया जाता है? 
उत्तर:
प्रत्येक अंश को मिनट में तथा मिनट को सेकेंड में विभाजित किया जाता है। 

प्रश्न 3. 
देशान्तर को ग्रीनिच रेखा क्यों कहते हैं? 
उत्तर:
देशान्तर रेखा इंग्लैण्ड के ग्रीनविच शहर से होकर गुजरती है। इसलिए इसे ग्रीनिच रेखा कहते हैं। 

प्रश्न 4. 
विषुवत रेखा के उत्तर तथा दक्षिण की तरफ जाने पर अक्षांश रेखाओं की लम्बाई पर क्या प्रभाव पड़ता है? 
उत्तर:
विषुवत रेखा के उत्तर तथा दक्षिण की तरफ जाने पर अक्षांश रेखाओं की लम्बाई कम हो जाती है। 

प्रश्न 5. 
कर्क एवं मकर रेखा कौनसी हैं? 
उत्तर:
23 1/2° उत्तरी अक्षांश को कर्क रेखा एवं 23 1/2° दक्षिणी अक्षांश रेखा को मकर रेखा कहा जाता है। 

प्रश्न 6. 
पृथ्वी 1 घण्टे में कितनी घूमती है? 
उत्तर:
पृथ्वी 1 घण्टे में 15 घूमती है। 

प्रश्न 7. 
सूर्य की किरण को एक देशान्तर से दूसरे देशान्तर तक पहुँचने में कितना समय लगता है? 
उत्तर:
4 मिनट। 

प्रश्न 8. 
स्थानीय समय का अनुमान किस प्रकार लगाया जा सकता है। 
उत्तर:
स्थानीय समय का अनुमान सूर्य के द्वारा बनने वाली परछाई से लगाया जा सकता है, जो दोपहर में सबसे छोटी एवं सूर्योदय तथा सूर्यास्त के समय सबसे लंबी होती है। 

प्रश्न 9. 
पृथ्वी को कितने समय क्षेत्रों में बाँटा गया है? 
उत्तर:
पृथ्वी को एक - एक घटे वाले 24 समय क्षेत्रों में बाँटा गया है। 

प्रश्न 10. 
कुछ देशों में एक से अधिक मानक समय क्यों अपनाये जाते हैं? 
उत्तर:
जिन देशों का देशांतरीय विस्तार अधिक होता है, वहाँ एक से अधिक मानक समय अपनाये जाते हैं। 

प्रश्न 11. 
रूस में कितने मानक समयों को अपनाया गया हैं?
उत्तर:
रूस में 11 मानक समयों को अपनाया गया है। 

प्रश्न 12. 
किस याम्योत्तर के स्थानीय समय को भारत का मानक समय माना जाता है? 
उत्तर:
8214° पू. याम्योत्तर के स्थानीय समय को भारत का मानक समय माना जाता है। 

लघूत्तरात्मक प्रश्न

प्रश्न 1. 
आकार एवं प्रकार के आधार पर ग्लोब का वर्णन कीजिए। 
उत्तर:
आकार एवं प्रकार के आधार पर ग्लोब कई प्रकार के हो सकते हैं:

  • बड़े ग्लोब, जो आसानी से एक स्थान से दूसरे स्थान पर नहीं ले जाए जा सकते। 
  • पॉकेट में रखने योग्य छोटे गलोय तथा 
  • गुब्बारे जैसे ग्लोब, जिनमें हवा भरी जा सकती है एवं आसानी से एक स्थान से दूसरे पर स्थान ले जाए जा सकते हैं। 

प्रश्न 2. 
ग्लोब क्या है? ग्लोब का संक्षिप्त वर्णन कीजिये। 
उत्तर:
ग्लोब पृथ्वी का लघु रूप में एक वास्तविक प्रतिरूप है। ग्लोब पर देशों, महाद्वीपों तथा महासागरों को उनके सही आकार में दिखाया जाता है। ग्लोब में एक सुई झुकी हुई अवस्था में स्थित होती है, जिसे अक्ष कहा जाता है। ग्लोब पर वह सुई दो बिंदुओं से होकर गुजरती है, जो उत्तर तथा दक्षिण ध्रुव हैं। ग्लोब को इस सुई के चारों ओर पृथ्वी की भौंत पश्चिम से पूर्व की ओर घुमाया जा सकता है। लेकिन पृथ्वी पर वास्तव में ऐसी कोई सुई नहीं होती है। 

प्रश्न 3. 
विषुवत् रेखा क्या है? इसकी स्थिति स्पष्ट कीजिए।
उत्तर:
विषुवत् रेखा: वह काल्पनिक रेखा जो पृथ्वी को उत्तर व दक्षिण दो बराबर भागों में बाँटती है, उसे विषुवत् रेखा या भूमध्य रेखा कहते हैं। इस रेखा के उत्तर में स्थित आधे भाग को उत्तरी गोलार्ध तथा दक्षिण वाले आधे भाग को दक्षिणी गोलार्थ कहा जाता है। ये दोनों बराबर के आधे भाग होते हैं। इस प्रकार, विषुषत् वृत्त पृथ्वी पर एक काल्पनिक वृत्त बनाती है एवं यह पृथ्वी पर विभिन्न स्थानों की स्थिति बताने का सबसे महत्त्वपूर्ण संदर्भ बिंदु है। 

प्रश्न 4. 
प्रत्येक अक्षांश के मान के साथ उ. (उत्तर) या द. (दक्षिण) क्यों लिखा रहता है?
उत्तर:
विषुवत् वृत्त पृथ्वी को दो समान भागों उत्तर व दक्षिण में बाँटता है। विषुवत् वृत्त के उत्तर की सभी समानांतर रेखाओं को उत्तरी अक्षांश कहा जाता है तथा विषुवत् वृत्त के दक्षिण में स्थित सभी समानांतर रेखाओं को दक्षिणी अक्षांश कहा जाता है। इसलिए प्रत्येक अक्षांश के मान के साथ उसकी दिशा यानी उत्तर या दक्षिण को भी लिखा जाता है। सामान्यतः इसे उ. या द. अक्षर से व्यक्त किया जाता है। 

प्रश्न 5. 
महत्वपूर्ण अक्षांश (समानांतर ) रेखाओं एवं उनके अंश का उल्लेख कीजिए। 
उत्तर:
महत्वपूर्ण अक्षांश (समानांतर) रेखाएँ:

  1. विषुवत् रेखा (0°) 
  2. कर्क रेखा (23 1/2°उ.) 
  3. मकर रेखा (23 1/2° द.) 
  4. उत्तर ध्रुव वृत्त (66 1/2° उ.) 
  5. दक्षिण ध्रुव वृत्त (66 1/2° द.) 
  6. उत्तर ध्रुव (90° उ.) 
  7. दक्षिण ध्रुव (90 द.)।

RBSE Class 6 Social Science Important Questions Geography Chapter 2 ग्लोब: अक्षांश एवं देशांतर

प्रश्न 6.
महत्वपूर्ण अक्षांशों और ताप कटिबन्धों को दर्शाते - हुए एक चित्र बनाइये।
उत्तर:
महत्वपूर्ण अक्षांश और ताप कटिबन्ध:
RBSE Class 6 Social Science Important Questions Geography Chapter 2 ग्लोब: अक्षांश एवं देशांतर 1

प्रश्न 7. 
भारत में 82°30' पू. को मानक याम्योत्तर क्यों माना गया है? 
उत्तर:
भारत एक विशाल देश है। यहाँ से अनेक याम्योत्तर गुजरती हैं। अलग - अलग याम्योत्तर पर स्थित स्थानों के स्थानीय समय में अंतर होता है। उदाहरण के लिए भारत में अलग - अलग याम्बोत्तर के अनुसार गुजरात के द्वारका तथा असम के डिब्रूगढ़ के स्थानीय समय में लगभग 1 घंटा 45 मिनट का अंतर होगा। इसलिए यह आवश्यक है कि देश के मध्य भाग से होकर गुजरने वाली किसी याम्योत्तर के स्थानीय समय को देश का मानक समय माना जाए। अत: भारत में 821° पू. (82°30 पू.) को मानक याम्योत्तर माना गया है। इस याम्यो तर के स्थानीय समय को भारतीय मानक समय माना जाता है। 

निबन्धात्मक प्रश्न

प्रश्न 1. 
पृथ्वी को कितने ताप कटिबन्धों में बाँटा गया है? वर्णन कीजिये। 
उत्तर:
पृथ्वी को तीन ताप कटिबन्धों में बाँटा गया है। इनका वर्णन निम्न प्रकार है:
1. उष्ण कटिबंध: उष्ण कटिबंध कर्क रेखा (23 1/2° उ.) तथा मकर रेखा (23 1/2° द.) के बीच स्थित है। कर्क रेखा एवं मकर रेखा के बीच के सभी अक्षांशों पर सूर्य वर्ष में एक बार दोपहर में सिर के ठीक ऊपर होता है। इसलिए इस क्षेत्र में सबसे अधिक ऊष्मा प्राप्त होती है और इसे उष्ण कटिबंध कहा जाता है। 

2. शीतोष्ण कटिबंध: उत्तरी गोलार्थ एवं दक्षिणी गोलार्ध दोनों में घुष की तरफ सूर्य की किरणें तिरछी होती जाती हैं। इस प्रकार, उत्तरी गोलार्थ में कर्क रेखा एवं उत्तर ध्रुव वृत्त के बीच तथा दक्षिणी गोलार्ध में मकर रेखा एवं दक्षिण ध्रुव वृत्त के बीच वाले क्षेत्र का तापमान मध्यम रहता है। इसलिए इन्हें शीतोष्ण कटिबंध कहा जाता है। 

3.  शीत कटिबंध: उत्तरी गोलाई में उत्तर ध्रुव वृत्त एवं उत्तरी ध्रुव तथा दक्षिणी गोलाई में दक्षिण ध्रुव वृत्त एवं दक्षिणी ध्रुव के बीच के क्षेत्र में अत्यधिक ठंड रहती है। क्योंकि, यहाँ सूर्य क्षितिज से ज्यादा ऊपर नहीं आ पाता है। इसलिए ये शीत कटिबंध कहलाते हैं। 

प्रश्न 2. 
अक्षांश एवं देशान्तर रेखाओं की प्रमुख विशेषताएँ बतलाइये।
अधवा 
अक्षांश एवं देशान्तर रेखाओं में अन्तर बताइये। 
उत्तर:
अक्षांश एवं देशान्तर रेखाओं की विशेषताएँ एवं अन्तरअक्षांश रेखाएँ:

  1. सभी अक्षांश रेखाएं एक-दूसरे के समानान्तर होती हैं। 
  2. अक्षांश रेखाएं पूर्व से पश्चिम की ओर होती हैं। 
  3. अक्षांश रेखाएँ पूर्ण वृत्त होती हैं। 
  4. विषुवत् वृत्त (0° अक्षांश) पृथ्वी को दो समान भागों - उत्तरी गोलार्थ तथा दक्षिणी गोलार्ध में बाँटता है। 
  5. विषुवत् रेखा से दोनों ओर 90 उ. अक्षांश तथा 90° द. अक्षांश तक गणना करते हैं। 
  6. विषुक्त् वृत्त से दूर ध्रुवों की तरफ जाने पर अक्षांशों का आकार घटता जाता है। 
  7. अक्षांश रेखाओं से ताप कटिबन्धों का निर्धारण होता है। 

देशान्तर रेखाएँ:

  1. देशान्तर रेखाएं एक - दूसरे के समानान्तर नहीं होती हैं। 
  2. देशान्तर रेखाएँ उत्तरी ध्रुव से दक्षिणी ध्रुव को मिलाती हुई उत्तर - दक्षिण दिशा में खींची जाती हैं। 
  3. सभी देशांतर अर्धवृत्त होते हैं। लेकिन 180° की दूरी पर दो देशांतर मिलकर पूर्ण वृत्त बनाते हैं। 
  4. प्रमुख वाम्योत्तर (0° देशान्तर), 180° याम्योत्तर के साथ मिलकर पृथ्वी को दो समान भागों-पूर्वी गोलार्थ तथा पश्चिमी गोलार्ध में बाँटती है। 
  5. प्रमुख याम्योत्तर से दोनों ओर 180° पूर्व तथा 1800 पश्चिम तक गणना करते हैं। 
  6. ध्रुवों की तरफ बढ़ने पर याम्योत्तर का आकार वही रहता है लेकिन उनके बीच की दूरी घटती जाती है एवं ध्रुवों पर शुन्य हो जाती हैं। 
  7. देशान्तर रेखाओं से समय व तिथियों का निर्धारण होता है। 

प्रश्न 3. 
स्थानीय समय से क्या आशय है? इसकी गणना किस प्रकार की जाती है?
उत्तर:
स्थानीय समय: किसी स्थान विशेष के समय को स्थानीय समय कहते हैं। 
स्थानीय समय की गणना:
1. समय का निर्धारण याम्योत्तर अथवा देशांतर के आधार पर किया जाता है। समय की गणना हेतु विश्व में ग्रीनिष, जहां ब्रिटिश राजकीय वेधशाला स्थित है, से गुजरने वाली याम्योत्तर को प्रमुख याम्योत्तर माना गया है। इसका नाम 0° देशांतर है। 

2. ग्रीनिच पर स्थित प्रमुख याम्योत्तर पर सूर्य जिस समय आकाश के सबसे ऊंचे बिंदु पर होता है, उस समय याम्योत्तर पर स्थित सभी स्थानों पर दोपहर होती है। 

3. पृथ्वी पश्चिम से पूर्व की ओर चक्कर लगाती है, अतः वे स्थान जो ग्रीनिच के पूर्व में हैं, उनका समय ग्रीनिच समय से आगे होगा तथा जो पश्चिम में हैं, उनका समय पीछे होगा। 

4. पृथ्वी लगभग 24 घंटे में अपने अक्ष पर 360° घूम जाती है, अर्थात् वह 1 घंटे में 15° एवं 4 मिनट में 1° घूमती है। इस प्रकार जब प्रीनिच में दोपहर के 12 बजते हैं, तब ग्रीनिच से 15° पूर्व में समय होगा 15 x 4 = 60 मिनट अर्थात्, ग्रीनिच के समय से 1 घंटा आगे, अर्थात् यहाँ दोपहर का 1 बजा होगा। लेकिन ग्रीनिच से 15° पश्चिम का समय ग्रीनिच समय से 1 घंटा पीछे होगा अर्थात् वहाँ सुबह के 11 बजे होंगे। इसी प्रकार जब ग्रीनिच पर दोपहर के 12 बजे होंगे उस समय 180° याम्योत्तर पर मध्य रात्रि होगी।

 

Bhagya
Last Updated on June 14, 2022, 9:48 a.m.
Published June 13, 2022